CG Prime News@रायगढ़.Female Lawyer Murdered in Raigarh रायगढ़ जिले में महिला वकील की हत्या की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। आरोपी महिला वकील का प्रेमी ने निकला। आरोपी ने महिला वकील का गला काटकर मर्डर कर दिया था। दोनों के बीच 2 साल से अफेयर था। आरोपी लोकनाथ पटेल (30) शादीशुदा था। मृतक (30) जिला कोर्ट में जूनियर वकील थी। मामला पूंजीपथरा थाना क्षेत्र का है।
अधिवक्ता संघ ने की कड़ी कार्रवाई की मांग
अधिवक्ता संघ ने एसएसपी को ज्ञापन सौंपकर दोषी पर कार्रवाई की मांग की थी। मृत युवती की बहन भी बेंगलुरु से रायगढ़ पहुंची। उसने बताया कि दीदी का फोन एक दिन बंद था, अचानक फोन चालू हुआ और कोई दूसरी लड़की उसकी आवाज में बात कर रही थी। उसके बाद सीधे डेडबॉडी मिलने की जानकारी मिली। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और बाइक नंबर के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया।
सोशल मीडिया में हुई थी दोस्ती
मिली जानकारी के अनुसार दोनों की सोशल मीडिया पर हुई दोस्ती धीरे धीरे प्यार में बदल गई थी। जब महिला वकील ने शादी करने की जिद्द की तो परेशान होकर आरोपी ने उसे मारने की प्लानिंग की। वह दुकान से सब्जी काटने का चाकू खरीद लाया। 10 मई की सुबह उसे तुमीडीह जंगल ले गया।
यहां उसे गला दबाकर बेसुध किया, फिर पहचान मिटाने पत्थर से चेहरा कुचला, तब भी उसकी सांसें चल रही थी। पुलिस को गुमराह करने उसने युवती के कपड़े उतारे। फिर चाकू से गला काट दिया। 2 दिन बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
अब जानिए पूरा मामला
जांच में पता चला कि आरोपी लोकनाथ पटेल (30) चारपारा का रहने वाला है। साल 2024 में उसकी पहचान लैलूंगा की रहने वाली आराधना सिदार से हुई थी। वह रागयढ़ जिला अधिवक्ता संघ की सदस्य भी थी।
दोनों के बीच मोबाइल पर बातचीत शुरू हुई और बाद में प्रेम संबंध बन गया। आराधना अब शादी करने की जिद्द करती थी, जबकि उसे पता था कि लोकनाथ शादीशुदा है। समझाने पर नहीं मानी तो आरोपी उसे रास्ते से हटाना चाहता था।
दोनों घूमने के बाद होटल में ठहरे
9 मई की रात दोनों की फोन पर बात हुई थी, जिसके बाद 10 मई की सुबह लोकनाथ उससे मिलने पंजरी प्लांट पहुंचा। वहां से आराधना को लेकर सक्ति की ओर निकल गया। दोनों दमाउधारा मंदिर घूमने गए और शाम करीब 4:30 बजे वापस लौटे। इसके बाद आरोपी ने एक ठेले से खाना पैक कराया और शक्ति थाना के पास स्थित गुप्ता लॉज में कमरा लिया।
होटल में नाम बदलकर पति पत्नी एंट्री करवाई
लॉज के रजिस्टर में उसने अपना और आराधना का नाम बदलकर पति-पत्नी के रूप में दर्ज कराया। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि दोनों के बीच शादी की बात को लेकर पहले से विवाद चलता था। उसी रात लॉज में भी इसी बात पर झगड़ा हुआ था।
आरोपी पहले ही एक दुकान से सब्जी काटने वाला पीले हैंडल का चाकू खरीद चुका था। अगली सुबह करीब 5:30 बजे आरोपी आराधना को बाइक से सक्ति से तुमीडीह जंगल ले गया। 7:30 बजे तक दोनों जंगल के अंदर तक चले गए थे। जहां दूर दूर तक कोई नहीं था।
मर्डर से पहले कपड़े उतारे
वहां आराधना ने रास्ता नहीं होने की बात कही, तभी आरोपी ने पीछे से उसका गला दबा दिया। युवती के बेसुध होकर गिरने के बाद उसने पत्थर से सिर और चेहरे पर कई वार किए। इसके बाद चाकू से गले पर हमला कर उसकी हत्या कर दी। आरोपी ने पुलिस को गुमराह करने के लिए हत्या से पहले युवती के कपड़े भी उतारकर वहीं फेंक दिए थे और शव को जंगल में छोड़कर भाग गया।
