Monday, May 18, 2026
Home » Blog » दुर्ग महाहादेव ऑनलाइन सट्टा सिंडिकेट का भंडाफोड़, हैदराबाद से 13 गिरफ्तार

दुर्ग महाहादेव ऑनलाइन सट्टा सिंडिकेट का भंडाफोड़, हैदराबाद से 13 गिरफ्तार

आईपीएल सट्टेबाजी नेटवर्क को दुर्ग पुलिस ने किया ध्वस्त, करोड़ों के ट्रांजेक्शन और म्यूल अकाउंट्स का खुलासा

by cgprimenews.com
0 comments
दुर्ग पुलिस द्वारा महादेव ऑनलाइन सट्टा सिंडिकेट के खिलाफ कार्रवाई में गिरफ्तार आरोपी और बरामद इलेक्ट्रॉनिक सामान।

Bhilai/Durg Durg Mahadev online betting syndicate busted, 13 arrested from Hyderabad. आईपीएल सीजन के दौरान ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए Durg Police ने महादेव ऑनलाइन सट्टा सिंडिकेट से जुड़े दो बड़े पैनलों का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जो हैदराबाद से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क संचालित कर रहे थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लैपटॉप, मोबाइल, एटीएम कार्ड, पासबुक, सिम कार्ड और नकदी बरामद की है। प्रारंभिक जांच में करीब 5 करोड़ रुपयए के लेनदेन का खुलासा हुआ है।

हैदराबाद में चल रहा था ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क

एसएसपी विजय अग्रवाल ने पत्रवार्ता में खुलासा किया। उन्होंने बताया कि आरोपी हैदराबाद के अल्फापुरम स्थित एसएस रेसिडेंसी और शमसाबाद क्षेत्र की नक्षत्र सोसायटी से आईपीएल मैचों पर ऑनलाइन सट्टा चला रहे थे। आरोपियों द्वारा युवकों को दूसरे राज्यों में ले जाकर सट्टा ऑपरेशन में लगाया जाता था। जांच में सामने आया है कि गिरोह बैंक खातों का इस्तेमाल “म्यूल अकाउंट” के रूप में कर रहा था। इन खातों के जरिए अवैध रकम जमा और ट्रांसफर की जाती थी।

मास्टरमाइंड पर पुलिस की नजर

एसएसपी ने बताया कि पूरे नेटवर्क का संचालन कुरूद निवासी कुणाल वर्मा कर रहा था। वह सट्टा पैनल खरीदने, बैंक खाते उपलब्ध कराने, एटीएम कार्ड और सिम कार्ड की व्यवस्था करने के साथ नेटवर्क को कंट्रोल करता था। पूछताछ में “Sat Sport Book” सहित कई क्रिकेट बेटिंग पैनलों के संचालन की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस अब फाइनेंसरों और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है।

बैंक खातों से जुड़े साइबर अपराधों की जांच

कार्रवाई की शुरुआत 16 मई को संदिग्ध बैंक खातों के साथ पकड़े गए दो युवकों से हुई। पूछताछ में खुलासा हुआ कि गरीब और स्लम क्षेत्र के लोगों के नाम पर खाते खुलवाकर उन्हें सिंडिकेट को बेचा जाता था। पुलिस ने बताया कि बरामद खातों से जुड़ी 63 साइबर शिकायतें पहले से दर्ज हैं। मामले में बीएनएस और छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है।

आईपीएल सीजन में 14वीं बड़ी कार्रवाई

एसएसपी ने स्पष्ट किया है कि सिंडिकेट से जुड़े म्यूल अकाउंट धारकों और फरार आरोपियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आरोपियों की संपत्ति और बैंक ट्रांजेक्शन की जांच कर रही है। आईपीएल सीजन में ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ यह दुर्ग पुलिस की 14वीं बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।

You may also like