CG Prime News@दिल्ली. Baba Bageshwar makes controversial statement regarding Chhatrapati Shivaji Maharaj. अपने बयानों को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहने वाले बाबा बागेश्वर एक बार फिर चर्चा में आ गए हैं। इस बार छत्रपति शिवा जी महाराज को लेकर दिए गए बयान के कारण उन्हें माफी मांगनी पड़ी है। दरअसर बॉलीवुड एक्टर रितेश देशमुख, बागेश्वर बाबा के उस बयान पर भड़क गए, जिसमें उन्होंने कहा था कि छत्रपति शिवाजी महाराज युद्ध से थककर जिम्मेदारियां छोडऩा चाहते थे। अब एक्टर ने इस पर रिएक्ट करते हुए कहा है कि ये अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हालांकि विवाद बढऩे पर बागेश्वर बाबा ने माफी मांग ली है।
यह कहा था बाबा बागेश्वर ने
नागपुर में आयोजित एक इवेंट में बागेश्वर बाबा ने छत्रपति शिवाजी महाराज पर बयान देते हुए कहा, शिवाजी महाराज युद्ध से थककर अपनी जिम्मेदारियां छोडऩा चाहते थे। वो अपने गुरू समर्थ रामदास के पास मुकुट लेकर पहुंचे थे। यह बयान सामने आने के बाद से बागेश्वर बाबा की जमकर आलोचना की जाने लगी।
मराठी में लिखा पोस्ट
इस पर बॉलीवुड एक्टर रितेश देशमुख भी भड़क गए, जो जल्द ही छत्रपति शिवाजी महाराज पर बनी फिल्म राजा शिवाजी में नजर आने वाले हैं। उन्होंने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से मराठी में लिखा है,
जब कोई आकर हमारे पूज्य देवता के बारे में गलत और उल्टा-सीधा बोलता है, तो एक शिव-प्रेमी और शिव-भक्त के लिए यह बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं है और गुस्सा आना स्वाभाविक है।
आगे उन्होंने लिखा, ‘ऐसी बेकार कोशिशें, जो उन्हें किसी दायरे में बांधने की कोशिश करती हैं, समय के साथ खत्म हो जाएंगी। लेकिन जैसे सह्याद्रि की पर्वत श्रृंखलाएं लाखों सालों से कायम हैं, वैसे ही वह एक नाम आने वाले करोड़ों सालों तक बना रहेगा। और वह नाम है, प्रताप पुरंदर, क्षत्रिय कुल के, सिंहासन के स्वामी, सम्राटों के सम्राट, धन्य राजाशिव छत्रपति शिवाजी महाराज।’
बागेश्वार बाबा ने मांगी माफी
विवाद बढ़ने के बाद अब बागेश्वर बाबा ने भी माफी मांग ली है। नागपुर में मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि उनके बयान का गलत मतलब निकाला गया है। वो किसी भी तरह से छत्रपति शिवाजी महाराज का अपमान नहीं करना चाहते थे।
उन्होंने कहा, हमने कुछ अनुचित नहीं कहा। हमने संतों के प्रति सम्मान व्यक्त करने के उद्देश्य से ये बात कही। इसके बावजूद हमने खेद व्यक्त किया और माफी मांगी है। कुछ लोगों ने मेरी बात गलत तरह पेश की। मेरी बातों से किसी की भावनाएं आहत हुईं तो मैं क्षमाप्रार्थी हूं। मैं शिवाजी महाराज के लिए जीता और मरता हूं।
