Wednesday, August 19, 2026
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दुर्ग जनदर्शन में 115 आवेदन, सिंचाई नहर का रास्ता बंद होने से किसान परेशान

कलेक्टर अभिजीत सिंह ने जनदर्शन में सुनीं लोगों की समस्याएं, अधिकारियों को त्वरित निराकरण के दिए निर्देश

by Dakshi Sahu Rao
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CG Prime News@दुर्ग. जिला कार्यालय के सभाकक्ष में बुधवार को आयोजित जनदर्शन में कलेक्टर अभिजीत सिंह ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों की समस्याएं सुनीं। जनदर्शन में अवैध कब्जा, आवासीय पट्टा, प्रधानमंत्री आवास, भूमि सीमांकन, सीसी रोड निर्माण, ऋण पुस्तिका में सुधार और आर्थिक सहायता सहित अलग-अलग मांगों से जुड़े कुल 115 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने कई मामलों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों से फोन पर जानकारी ली और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

नौ महीने से राशन नहीं मिलने की शिकायत

जामुल के लवकुश नगर वार्ड निवासी एक हितग्राही ने बीपीएल राशन कार्ड में नाम दर्ज होने के बावजूद पिछले नौ महीने से राशन नहीं मिलने की शिकायत की। हितग्राही के अनुसार दिसंबर 2025 से राशन नहीं मिला है। शासन के निर्देशानुसार कई बार ई-केवायसी कराने के बाद भी पोर्टल पर नाम प्रदर्शित होने के बावजूद राशन का आबंटन नहीं किया जा रहा है। इससे परिवार को खाद्य और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कलेक्टर ने खाद्य अधिकारी को मामले का नियमानुसार परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

400 एकड़ कृषि भूमि की सिंचाई प्रभावित

ग्राम खेदामारा (नवातरिया), थाना जामुल के किसानों ने सिंचाई नहर का रास्ता बाधित होने की शिकायत की। किसानों ने बताया कि कथित अवैध प्लाटिंग और मकान निर्माण के कारण नहर से करीब 400 एकड़ कृषि भूमि तक पहुंचने वाला पानी का रास्ता बंद हो गया है। इससे लगभग 30 किसानों को सिंचाई में परेशानी हो रही है।


किसानों के मुताबिक, निर्माण से पहले सिंचाई के पानी की निकासी के लिए नाली की व्यवस्था करने को कहा गया था, लेकिन बाद में सिंचाई मार्ग बंद कर दिया गया। किसानों ने नाली निर्माण कर सिंचाई व्यवस्था बहाल कराने की मांग की। कलेक्टर ने संबंधित मामले में निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

सरकारी तालाब को निस्तारी के लिए सुरक्षित रखने की मांग

ग्राम पंचायत सोरम, तहसील पाटन के निवासी ने शासकीय तालाब को ग्रामीणों के निस्तारी उपयोग के लिए सुरक्षित रखने की मांग की। शिकायतकर्ता का आरोप है कि सरपंच द्वारा बिना प्रस्ताव पारित किए तालाब में मछली पालन की अनुमति दी गई है। इससे पानी दूषित होने और ग्रामीणों को निस्तारी में परेशानी होने की बात कही गई। मामले में संबंधित स्तर पर परीक्षण और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

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