CG Prime News@जांजगीर-चांपा. Uproar in Chhattisgarh over youth’s death in police custody छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के चांपा थाना क्षेत्र में पुलिस हिरासत में 30 वर्षीय युवक की मौत के बाद विवाद खड़ा हो गया है। मृतक की पहचान मेहंदीपारा निवासी शिव सहिस के रूप में हुई है। मौत के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस पर मारपीट का आरोप लगाते हुए चांपा थाने का घेराव किया। वहीं पुलिस का कहना है कि हिरासत के दौरान युवक की तबीयत बिगड़ी और उसे मिर्गी का दौरा पड़ा था।
शराब रखने के आरोप में हिरासत में लिया गया था युवक
जानकारी के मुताबिक, चांपा थाने के एक ट्रेनी सब इंस्पेक्टर और दो आरक्षकों ने बुधवार दोपहर शिव सहिस को उसके घर से हिरासत में लिया था। पुलिस के अनुसार उसके पास से 20 लीटर देशी शराब बरामद होने का आरोप था। पुलिस का कहना है कि शिव के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज रहे हैं और शराब बिक्री तथा मारपीट से जुड़े मामलों सहित यह उसका चौथा मामला था।

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रात में बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में मौत
पुलिस के मुताबिक बुधवार रात करीब 10 बजे थाने में शिव की तबीयत अचानक बिगड़ गई। इसके बाद उसे उपचार के लिए बीडीएम अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद गुरुवार सुबह करीब 6 बजे उसे जांजगीर जिला अस्पताल रेफर किया गया। यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
परिजनों ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
युवक की मौत की सूचना मिलने के बाद परिजन और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग चांपा थाने पहुंच गए। परिजनों ने आरोप लगाया कि हिरासत में शिव के साथ मारपीट की गई, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ी। पुलिस ने इन आरोपों से अलग अपना पक्ष रखते हुए मिर्गी का दौरा पड़ने को तबीयत बिगड़ने की वजह बताया है। मामले में वास्तविक कारण जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

आरक्षक निलंबित
मामले में SP विजय कुमार पाण्डेय ने आरक्षक ईश्वरी राठौर को लापरवाही और अनुशासनहीनता के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. यूलैण्डन यार्क के अनुसार शिव के खिलाफ पूर्व में भी अपराध दर्ज रहे हैं और बुधवार को उसके खिलाफ विधिक कार्रवाई की गई थी। पुलिस के अनुसार उसे रिमांड की प्रक्रिया के तहत हिरासत में रखा गया था।
भूपेश बघेल ने उठाए पुलिस की भूमिका पर सवाल
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने घटना को लेकर पुलिस और गृह विभाग पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने प्रदेश में सामने आ रही कस्टोडियल डेथ की घटनाओं का उल्लेख करते हुए जांजगीर-चांपा मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। अब पूरे मामले में पुलिस की कार्रवाई, युवक की मौत के वास्तविक कारण और लगाए गए आरोपों की जांच महत्वपूर्ण होगी।
