CG Prime News@दुर्ग. Food Department Raids Durg District दुर्ग जिले में खाद्य विभाग का छापा दूसरे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को औषधि एवं खाद्य प्रशासन की खाद्य शाखा ने चाट, गुपचुप सेंटर्स, गन्ना रस, सॉफ्ट ड्रिंक्स, आईसक्रीम, जूस सेंटर, डेयरी प्रोडक्ट विक्रेता फर्म, मिठाई दुकान, होटल, रेस्टोरेंट, केक एवं ब्रेकरी प्रोडक्ट विक्रेता फर्म, मिड-डे- मिल सेंटर्स, हॉस्पिटल कैंटीन, पैकेज्ड ड्रिंकिंग वाटर्स, आईस्क्रीम विक्रेता, कन्फेक्शनरी प्रतिष्ठान, ढाबा, फल एवं सब्जी विक्रेता प्रतिष्ठान, पेप्सी, आईसगोला, आईस कैण्डी विक्रेता प्रतिष्ठानों की सघन जांच की। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत अनियमितता पाए जाने पर टीम ने आवश्यक कार्रवाई भी की।

दुर्ग जिले में खाद्य विभाग का छापा, मैंगो जूस में रंग मिलाते पकड़े गए संचालक, लगाई फटकार
खाद्य शाखा द्वारा जांच
अभियान के दूसरे दिवस 28 अप्रैल को जिले में विभिन्न क्षेत्रों में संचालित गन्ना रस एवं जूस सेंटर आदि स्ट्रीट वेंडर्स की जांच खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत किया गया। जिसमें संचालकों को साफ स्वच्छ पीने योग्य पानी से बने बर्फ का उपयोग करने, रंगों का उपयोग नहीं करने, परिसर के आस-पास स्वच्छता रखने, ताजा फलों का प्रयोग करने एवं डस्टबीन रखने हेतु निर्देशित किया गया। पाण्डे जूस कार्नर, इंदिरा मार्केट, देवांगन जूस कार्नर, अग्रसेन चौक में मैन्गो जूस में रंग मिलाया जा रहा था। रंग को मौके पर नष्ट कराया गया एवं भविष्य में रंग का प्रयोग करने, खराब एवं सड़े फलों का प्रयोग करने एवं नियमों का उल्लंघन पाये जाने पर नियमानुसार कड़ी कार्यवाही की जाएगी।
औषधि शाखा द्वारा जांच
अभियान के दूसरे दिन मंगलवार को दुर्ग जिले में संचालित मेसर्स श्रद्धा मेडिकल एजेंसी, शनिचरी बाजार, दुर्ग, मेसर्स वर्धमान एजेंसी, गंजपारा, मेसर्स रिषभ डिस्ट्रीब्यूटर्स, गंजपारा, मेसर्स टी. सी. मेडिकोज, गंजपारा, स्टेशन रोड, दुर्ग रोड, दुर्ग में स्थित मेसर्स जायडस हेल्थ केयर, मेसर्स जायडस लाईफ साइंसेस, मेसर्स मेकमनी प्रा.लि. मेसर्स जिन्दत्त डिस्ट्रीब्यूटर्स, रामनगर, भिलाई में स्थित मेसर्स भारत एजेंसी एवं अशोक एजेंसी ऐसे 10 कॉस्मेटिक विक्रय करने वाली थोक औषधि विक्रेता फर्मों का निरीक्षण औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 नियमावली 1945 के तहत् किया गया।
जिसमें 2 प्रसाधन सामग्री का नमूना जांच के लिए संकलित किया गया है। सभी फर्मों के क्रय-विक्रय रिकार्ड की जांच की गई। सख्त निर्देश दिये गए कि उनके द्वारा कास्मेटिक सामान का क्रय-विक्रय अधिकृत विक्रेताओं/एजेंसी से/ को बिल के माध्यम से किया जाए। भविष्य में भी इस तरह की कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।
15 दिनों तक चलेगा सघन जांच अभियान
छत्तीसगढ़ शासन एवं नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन के निर्देशानुसार 27 अप्रैल 2026 से 11 मई 2026 तक सही दवा-शुद्ध आहार यही छत्तीसगढ़ का आधार थीम के अंतर्गत 15 दिवसीय सघन जांच अभियान संचालित किए जाने हेतु प्रत्येक जिले में कार्यरत खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है। जिसमें औषधि शाखा द्वारा जिले में कॉस्मेटिक एजेंसियां, थोक एवं खुदरा औषधि विक्रय फर्म, अस्पताल एवं अस्पतालों से जुड़े फार्मेसी में कोल्ड चैन का निरीक्षण किया गया।
वहीं निजी एवं शासकीय परिसरों में वैक्सीन संधारण एवं कोल्ड चैन की जांच, स्वापक औषधियों के थोक एवं खुदरा फर्मों में क्रय-विक्रय संबंधित दस्तावेजों की जांच, सार्वजनिक स्थलों पर कोटपा अधिनियम के तहत कार्यवाही एवं जागरूकता अभियान एवं निजी एवं शासकीय अस्पतालों की फार्मेसियों की जांच / निरीक्षण एवं एडवर्स ड्रग ईवेंट की रिपोर्टिंग प्रक्रियाओं की जांच औषधि, प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 नियमावली 1945 के तहत की जा रही है।
