Sunday, July 19, 2026
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भिलाई में रिटायर्ड IAS जे.के. ध्रुव के घर ED का छापा

रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक कॉरिडोर भूमि अधिग्रहण भुगतान अनियमितता मामले में जांच तेज, दस्तावेजों की पड़ताल में जुटी प्रवर्तन निदेशालय की टीम

by Dakshi Sahu Rao
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CG Prime News@भिलाई.bharatmala scam ed raid retired ias jk dhruv bhilai भिलाई में बुधवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भारतमाला परियोजना से जुड़े कथित आर्थिक अनियमितता मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए रिटायर्ड IAS अधिकारी जे.के. ध्रुव के निवास सहित तीन स्थानों पर छापेमारी की। जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 6 बजे अधिकारियों की टीम सुरक्षा बलों के साथ भिलाई पहुंची और दस्तावेजों की जांच शुरू की।

भारतमाला परियोजना जांच से जुड़ा मामला

सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई भारतमाला परियोजना के अंतर्गत रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक गलियारे के लिए भूमि अधिग्रहण और मुआवजा भुगतान में सामने आई कथित अनियमितताओं से जुड़ी बताई जा रही है। जांच एजेंसियों को संदेह है कि भूमि के मूल्यांकन और भुगतान प्रक्रिया में गंभीर वित्तीय गड़बड़ियां हुई हैं।


आर्थिक अनियमितता की जांच

जांच से जुड़े प्रारंभिक तथ्यों के अनुसार, भूमि अधिग्रहण के दौरान लगभग 23 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आई थी। आरोप है कि कुछ भूमि को छोटे-छोटे हिस्सों में दर्शाकर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) को करीब 78 करोड़ रुपये का भुगतान दिखाया गया। इस पूरे मामले की जांच विभिन्न एजेंसियां कर रही हैं।

पहले से विवादों में रहे हैं जे.के. ध्रुव

रिटायर्ड आईएएस अधिकारी जे.के. ध्रुव का नाम पहले भी चर्चित भर्ती अनियमितता मामलों में सामने आ चुका है। वर्तमान में वे न्यायिक प्रक्रिया का सामना कर रहे हैं। हालांकि, भारतमाला परियोजना मामले में उनकी भूमिका और छापेमारी के संबंध में ED की ओर से आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई

छापेमारी के दौरान ध्रुव के निवास के बाहर सुरक्षा बलों की तैनाती की गई। अधिकारियों द्वारा दस्तावेजों, इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड और अन्य संभावित साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही कार्रवाई के संबंध में अधिकृत जानकारी सामने आने की संभावना है।

जांच के नतीजों पर टिकी निगाहें

भारतमाला परियोजना देश की महत्वपूर्ण आधारभूत संरचना योजनाओं में शामिल है। ऐसे में भूमि अधिग्रहण और भुगतान प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं की जांच को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में भी विशेष रुचि देखी जा रही है। अब सभी की निगाहें ED की जांच रिपोर्ट और आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं।

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