Sunday, July 5, 2026
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ट्रायल से बचने की कोशिश नाकाम, हाईकोर्ट ने देवेंद्र यादव की याचिका खारिज

चुनाव याचिका में बड़ा कानूनी झटका, हाईकोर्ट ने कहा– साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर ही होगा फैसला, 4 अगस्त को अगली सुनवाई

by cgprimenews.com
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छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के आदेश के बाद चुनाव याचिका मामले में विधायक देवेंद्र यादव से जुड़ी सांकेतिक तस्वीर।

बिलासपुर। Attempt to avoid trial fails; High Court dismisses Devender Yadav’s plea. भिलाई नगर विधानसभा चुनाव परिणाम को चुनौती देने वाली निर्वाचन याचिका में विधायक देवेंद्र यादव को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। न्यायालय ने उनके द्वारा दायर I.A. No. 18/2026 को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि मामले का निर्णय केवल प्रारंभिक कानूनी प्रश्नों के आधार पर नहीं किया जा सकता। अदालत ने कहा कि याचिका में लगाए गए आरोप विवादित तथ्यात्मक प्रश्न हैं, जिनका परीक्षण गवाहों, दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूर्ण ट्रायल के दौरान ही होगा।

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प्रारंभिक स्तर पर मामला समाप्त करने की मांग खारिज

पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पांडेय द्वारा दायर निर्वाचन याचिका में विधायक देवेंद्र यादव ने सिविल प्रक्रिया संहिता के आदेश XIV नियम 2 के तहत आवेदन प्रस्तुत कर अनुरोध किया था कि मामले का निपटारा केवल प्रारंभिक मुद्दों (Preliminary Issues) के आधार पर कर दिया जाए और ट्रायल की आवश्यकता नहीं है। हाईकोर्ट ने इस दलील को स्वीकार करने से इनकार करते हुए कहा कि याचिका में ऐसे तथ्यात्मक विवाद हैं जिनका निर्णय साक्ष्य दर्ज किए बिना संभव नहीं है।

नामांकन से जुड़े आरोपों पर होगी विस्तृत सुनवाई

याचिका में नामांकन पत्र में आपराधिक मामलों, संपत्ति, आय और सोशल मीडिया खातों से जुड़ी जानकारी के कथित प्रकटीकरण को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि इन आरोपों की सत्यता का परीक्षण केवल ट्रायल के दौरान गवाहों और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर किया जा सकता है। इसलिए मामले को प्रारंभिक स्तर पर समाप्त नहीं किया जा सकता।

पहले भी नहीं मिली थी राहत

यह पहला अवसर नहीं है जब विधायक देवेंद्र यादव को इस चुनाव याचिका में राहत नहीं मिली है। इससे पहले उन्होंने आदेश VII नियम 11 के तहत याचिका को प्रारंभिक स्तर पर निरस्त करने की मांग की थी, जिसे हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया था। इसके बाद इस आदेश को सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी गई, लेकिन वहां भी राहत नहीं मिली। अब आदेश XIV नियम 2 के तहत दायर आवेदन भी निरस्त हो गया है।

अब ट्रायल की प्रक्रिया होगी शुरू

हाईकोर्ट के ताजा आदेश के बाद अब निर्वाचन याचिका में नियमित ट्रायल की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि सभी विवादित तथ्यों का परीक्षण साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर किया जाएगा। मामले की अगली सुनवाई 4 अगस्त 2026 को निर्धारित की गई है, जहां ट्रायल की आगे की प्रक्रिया पर सुनवाई होने की संभावना है।

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