भिलाई में खौफनाक हत्या
भिलाई। छावनी थाना क्षेत्र के कैंप-2 श्याम नगर में गुरुवार रात खून से सनी वारदात ने पूरे इलाके को दहला दिया। जेल से छूटकर गवाही बदलवाने आए कुख्यात सोनू पिता बाबूराव की उसी के चाकू से हत्या कर दी गई। चंद सेकंड में हुए इस खून-खराबे ने पूरे मोहल्ले को सकते में डाल दिया।
कैसे भड़क गई खूनी जंग…
साल 2020 में हुए एक हत्या कांड में सोनू समेत कई आरोपी जेल भेजे गए थे। इस केस में सुधाकर परिवार की गवाही अहम थी। दो महीने पहले ही जेल से बाहर आया सोनू गुरुवार शाम चाकू लहराते सुधाकर परिवार के दरवाजे पर पहुंचा। धमकी दी – “बयान वापस ले लो, वरना अंजाम भुगतना पड़ेगा।” परिवार ने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी, लेकिन तब तक सोनू फरार हो गया।
रात 8 बजे मौत बनकर लौटा…
करीब 8 बजे सोनू फिर आ धमका। इस बार उसने महिला मीरा सुधाकर का हाथ पकड़कर धमकाना शुरू कर दिया। महिला की चीख सुनकर घरवाले बाहर आए। पिता सुधाकर मोहरे महरे और बेटा श्रीधर मोहरे ने सोनू को पकड़ लिया। धक्का-मुक्की में सोनू का चाकू उसके हाथ से छीन लिया गया और उसी हथियार से धनश्री ने सोनू के पेट में वार कर दिया।
वार इतना गहरा था कि आंतें बाहर निकल आईं। खून से लथपथ सोनू जमीन पर तड़पने लगा। परिजनों ने उसे निजी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
इलाके में दहशत, पिता-पुत्र हिरासत में
पुलिस ने शव को लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल की मॉर्च्युरी भेजा है। आरोपी श्रीधर मोहरे (23) और उसके पिता सुधाकर मोहरे (55) को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह जांच भी कर रही है कि वारदात आत्मरक्षा में हुई या गुस्से में।
इस खून-खराबे के बाद श्याम नगर में खौफ का साया है।
लोग दबी जुबान में कह रहे हैं – कसूर सोनू का ही था, लेकिन अंजाम इतना खतरनाक होगा, किसी ने नहीं सोचा था।

