दुर्ग। थाना कुम्हारी क्षेत्र में लूट की झूठी सूचना देकर पुलिस को गुमराह करने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आवेदक को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में सामने आया कि आरोपी ने बीमा अथवा मुआवजा राशि प्राप्त करने के उद्देश्य से फर्जी लूट की कहानी रची थी, जबकि कथित रूप से लूटी गई ज्वेलरी उसकी स्वयं की दुकान में सुरक्षित रखी हुई थी।
लूट की सूचना से मचा हड़कंप
दिनांक 05 फरवरी 2026 को थाना कुम्हारी में आवेदक नितेश देवांगन, निवासी ग्राम कुगड़ा द्वारा सूचना दी गई कि ज्वेलरी खरीदकर लौटते समय कुगड़ा रोड, सार्थक होम के पास तीन अज्ञात व्यक्तियों ने धारदार हथियार अड़ाकर उससे सोने की ज्वेलरी एवं नगद राशि लूट ली। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना कुम्हारी पुलिस एवं ACCU टीम तत्काल मौके पर पहुंची।
सीसीटीवी जांच में नहीं मिले सबूत
पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों का अवलोकन किया गया, लेकिन आवेदक द्वारा बताए गए किसी भी संदिग्ध व्यक्ति का फुटेज प्राप्त नहीं हुआ। जांच के दौरान प्रार्थी की कहानी संदिग्ध प्रतीत हुई, जिसके बाद उससे कड़ाई से पूछताछ की गई।
पूछताछ में टूटा झूठ का जाल
कड़ाई से पूछताछ करने पर आवेदक ने स्वीकार किया कि व्यापार में हुए नुकसान की भरपाई के लिए बीमा/मुआवजा राशि प्राप्त करने की नीयत से उसने झूठी लूट की सूचना दी थी। आरोपी के कथन के अनुसार कथित लूटी गई ज्वेलरी उसकी दुकान से ही बरामद की गई।
ज्वेलरी बरामद, आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से सोने की ज्वेलरी (07 जोड़ी टाप्स, 05 जोड़ी बाली), कुल वजन लगभग 30 ग्राम, जब्त की है। उक्त कृत्य पर आरोपी के विरुद्ध लोक सेवक को जानबूझकर झूठी सूचना देने संबंधी वैधानिक एवं प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस पूरे प्रकरण के त्वरित खुलासे में थाना कुम्हारी पुलिस टीम एवं ACCU टीम के अधिकारी-कर्मचारियों की सतर्कता और सूझबूझपूर्ण पूछताछ की सराहनीय भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि पुलिस को झूठी या भ्रामक सूचना न दें, क्योंकि यह दंडनीय अपराध है। किसी भी वास्तविक आपराधिक घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय पर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
