Wednesday, August 26, 2026
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भिलाई की राजनीति का बड़ा चेहरा वशिष्ठ नारायण मिश्रा नहीं रहे, 56 वर्ष की उम्र में निधन

पांच बार पार्षद रहे वशिष्ठ नारायण मिश्रा, युवक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष के निधन से राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक

by cgprimenews.com
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भिलाई के वरिष्ठ राजनीतिज्ञ वशिष्ठ नारायण मिश्रा का निधन, 56 वर्ष की उम्र में निधन

भिलाई की राजनीति में शोक की लहर

भिलाई। Vashishtha Narayan Mishra, a prominent figure in Bhilai politics, has passed away at the age of 56. भिलाई की राजनीति और सामाजिक जीवन में लंबे समय तक सक्रिय रहे वरिष्ठ राजनीतिज्ञ वशिष्ठ नारायण मिश्रा का बुधवार को 56 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके निधन की खबर सामने आते ही राजनीतिक, सामाजिक और संगठनात्मक क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। समर्थकों, शुभचिंतकों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने उनके निधन को भिलाई के सार्वजनिक जीवन के लिए बड़ी क्षति बताया है।

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पांच बार रहे नगर निगम पार्षद

वशिष्ठ नारायण मिश्रा भिलाई नगर निगम में पांच बार पार्षद रहे। लंबे राजनीतिक अनुभव और लगातार जनसंपर्क के चलते उन्होंने स्थानीय राजनीति में अपनी मजबूत पहचान बनाई थी। नगर निगम की राजनीति में सक्रिय रहते हुए उन्होंने शहर से जुड़े कई स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता से उठाया और आम लोगों से जुड़े विषयों पर अपनी सक्रिय भूमिका निभाई।


युवक कांग्रेस में भी निभाई अहम भूमिका

मिश्रा युवक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भी रहे। संगठन में रहते हुए उन्होंने युवाओं को राजनीतिक गतिविधियों से जोड़ने और उन्हें संगठन से जोड़कर आगे बढ़ाने में भूमिका निभाई। उनकी राजनीतिक सक्रियता केवल चुनावी गतिविधियों तक सीमित नहीं रही। वे स्थानीय स्तर पर कार्यकर्ताओं और आम लोगों के बीच लगातार संपर्क में रहने के लिए भी जाने जाते थे।

सहज व्यवहार से बनाई अलग पहचान

लंबे समय तक सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रहने के दौरान वशिष्ठ नारायण मिश्रा ने अपने सहज व्यवहार और लोगों से सीधे संवाद के जरिए अलग पहचान बनाई। समर्थकों और कार्यकर्ताओं के बीच उनकी सहज उपलब्धता को उनकी राजनीतिक शैली का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता रहा। पांच बार पार्षद चुना जाना उनके स्थानीय जनाधार और राजनीतिक सक्रियता को भी दर्शाता है।

अंतिम संस्कार 27 अगस्त को

वशिष्ठ नारायण मिश्रा का अंतिम संस्कार 27 अगस्त को रामनगर मुक्तिधाम में किया जाएगा। उनके निधन की खबर के बाद राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने शोक व्यक्त किया। लोगों ने दिवंगत नेता के सार्वजनिक जीवन में योगदान को याद करते हुए उनके परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की।

भिलाई की स्थानीय राजनीति में लंबे समय तक सक्रिय रहे वशिष्ठ नारायण मिश्रा का निधन राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके लंबे राजनीतिक अनुभव और जनसंपर्क को आने वाले समय में भी याद किया जाएगा।

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