दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में विद्युत आपूर्ति को सुदृढ़ करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। धमधा ब्लॉक के लिटाया-सेमरिया गांव में 220/132/33 केवी क्षमता वाले नए उपकेंद्र को प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला ने बटन दबाकर ऊर्जीकृत किया।
150 से अधिक गांवों को मिलेगा लाभ
इस अत्याधुनिक उपकेंद्र की कुल क्षमता 160 एमवीए है, जिससे दुर्ग और धमधा क्षेत्र के 150 से अधिक गांवों को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली मिल सकेगी। बिजली आपूर्ति में सुधार से घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ कृषि और छोटे उद्योगों को भी बड़ा लाभ मिलेगा।
पारेषण नेटवर्क होगा मजबूत
कार्यक्रम में अधिकारियों ने बताया कि राज्य में बिजली नेटवर्क को मजबूत बनाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य किए जा रहे हैं। उपकेंद्र में 40-40 एमवीए के दो पावर ट्रांसफॉर्मर लगाए गए हैं और यहां से 33 केवी के 6 फीडर के माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति की जाएगी।
औद्योगिक विकास को मिलेगा बढ़ावा
करीब 100 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस परियोजना से न केवल बिजली की गुणवत्ता में सुधार होगा, बल्कि क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
