Monday, April 6, 2026
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भिलाई में हाइड्रोपोनिक गांजा केस तीसरा आरोपी भोपाल से गिरफ्तार

रुआबांधा क्षेत्र से जुड़े हाई-प्रोफाइल मामले में एक और गिरफ्तारी, पुलिस ने नेटवर्क खंगालना शुरू किया

by cgprimenews.com
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भिलाई में पुलिस द्वारा हाइड्रोपोनिक गांजा मामले में आरोपी की गिरफ्तारी

एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई तेज

दुर्ग. भिलाई नगर थाना पुलिस ने हाइड्रोपोनिक गांजा प्रकरण में फरार चल रहे एक और आरोपी को भोपाल के बागमुगलिया से गिरफ्तार कर लिया है। इस केस में अब तक कुल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस के मुताबिक, यह मामला छत्तीसगढ़ में उच्च गुणवत्ता वाले हाइड्रोपोनिक गांजा से जुड़ा पहला संगठित प्रकरण माना जा रहा है, जिसने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।

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तीसरे आरोपी की गिरफ्तारी

थाना प्रभारी जितेन्द्र वर्मा  ने बताया कि 4 अप्रैल को बोरसी रोड स्थित रुआबांधा क्षेत्र से विक्रम साहू और यश विश्वकर्मा को पकड़ा गया था। इनके पास से गांजा, हाइड्रोपोनिक गांजा और नशा सेवन से संबंधित सामग्री बरामद की गई थी। जांच आगे बढ़ाते हुए 5 अप्रैल को पुलिस ने हुड़को निवासी आयुष विश्वकर्मा (29) को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से 1.4 ग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा जब्त किया गया। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

क्या है हाइड्रोपोनिक गांजा

हाइड्रोपोनिक गांजा एक उन्नत तकनीक से उगाया गया कैनाबिस होता है, जिसमें मिट्टी के बजाय पानी और पोषक तत्वों के घोल का उपयोग किया जाता है। इसे नियंत्रित वातावरण जैसे बंद कमरे या ग्रीनहाउस में तैयार किया जाता है, जहां तापमान, रोशनी और पोषण पर विशेष नियंत्रण रखा जाता है।

क्यों ज्यादा खतरनाक है

विशेषज्ञों के अनुसार, इस तकनीक से उगाए गए गांजे में टेट्राहाइड्रोकैनाबिनॉल (THC) की मात्रा अधिक होती है। यही तत्व नशे का मुख्य कारण है। बेहतर पोषण और नियंत्रित माहौल के कारण इसकी गुणवत्ता और प्रभाव सामान्य गांजे से कहीं अधिक होता है। इस लिए हाई प्रोफाइल के लोग ही इसका सेवन करते है।

कहां होता है उपयोग

हाइड्रोपोनिक गांजा आमतौर पर महंगे बाजारों में उपलब्ध होता है। विदेशों जैसे कनाडा, अमेरिका और यूरोप के कुछ हिस्सों में इसका उत्पादन देखा गया है। भारत में इसकी पैदावार सीमित है, लेकिन महानगरों में गुप्त रूप से इनडोर फार्मिंग के जरिए इसके मामले सामने आ रहे हैं। यह महंगा होने के कारण उच्च वर्ग और होटल, स्कूल-कॉलेज की रेवा पार्टियों में अधिक उपयोग किया जाता है।

पूरी सप्लाई चेन तोड़ेगी पुलिस

एसएसपी विजय अग्रवाल ने बताया कि इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों और मादक पदार्थ के स्रोत की तलाश जारी है। पुलिस का उद्देश्य पूरे सप्लाई चेन को खत्म करना है। साथ ही नागरिकों से अपील की गई है कि नशे के अवैध कारोबार की सूचना तुरंत पुलिस को दें। ताकि नशे के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई हो सके।

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