रायपुर. Indian Oil Corporation Limited (आईओसीएल) के दक्षिण-पूर्वी क्षेत्र पाइपलाइन परिसर लखौली, आरंग में बुधवार को आपदा प्रबंधन को लेकर मॉकड्रिल का सफल आयोजन किया गया। इस अभ्यास में जिला प्रशासन, पुलिस, नगर सेना, स्वास्थ्य विभाग और रेस्क्यू एजेंसियों ने संयुक्त रूप से भाग लिया।
डीजल-पेट्रोल टैंक में आग की काल्पनिक स्थिति
मॉकड्रिल के दौरान परिसर में स्थित डीजल और पेट्रोल टैंक में आग लगने की काल्पनिक स्थिति बनाई गई। सूचना मिलते ही सुरक्षा कर्मियों, रेस्क्यू टीम और अग्निशमन दल ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आग पर काबू पाने और प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालने का अभ्यास किया।
एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों ने किया रेस्क्यू
अभ्यास में National Disaster Response Force (एनडीआरएफ), State Disaster Response Force (एसडीआरएफ), नगर सेना और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने फायर फाइटिंग, प्राथमिक उपचार, घायलों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और अस्पताल भेजने की पूरी प्रक्रिया का प्रदर्शन किया।
पहले हुई टेबल-टॉप मीटिंग
मॉकड्रिल से एक दिन पहले अधिकारियों की टेबल-टॉप मीटिंग आयोजित की गई थी, जिसमें संभावित आपदा की स्थिति में सभी विभागों की भूमिका, जिम्मेदारी और आपसी समन्वय पर विस्तृत चर्चा की गई।
कई अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में एडीएम कीर्तिमान राठौर, मनीष मिश्रा, डी.सी. किण्डो, एसडीएम आरंग अभिलाषा पैंकरा, उप पुलिस अधीक्षक माना लंबोदर पटेल, एसडीआरएफ के पुष्पराज सिंह सहित राजस्व, स्वास्थ्य और अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
आपदा से निपटने की क्षमता हुई मजबूत
मॉक अभ्यास के बाद सभी विभागों के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से कार्यक्रम की समीक्षा की और भविष्य में किसी भी आपदा की स्थिति में तेजी से और बेहतर तरीके से कार्य करने के सुझाव साझा किए। इस अभ्यास से विभागों के बीच समन्वय और आपदा प्रबंधन की तैयारियां और मजबूत हुई हैं।
