15 हजार करोड़ की ठगी का आरोप, महादेव ऐप के प्रमोटर्स समेत 31 के खिलाफ मुंबई में प्रकरण दर्ज

कोर्ट के आदेश के बाद मुंबई में पुलिस ने दर्ज किया अपराध

CG Prime News@Bhilai. मुंबई मातुंगा पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा ऐप महादेव के प्रमोटर्स के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर महादेव ऐप के प्रमोटर्स सौरभ चंद्राकर समेत 31 लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 420, 465, 467, 468, 120 (B) और आईटी एक्ट की धारा 66 (C), 66(F) के तहत प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक इस मामले में महादेव ऐप के प्रमोटर्स पर 15 हजार करोड़ रुपए की ठगी का आरोप है।

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ की इस्पात नगरी भिलाई के चर्चित महादेव ऐप (Mahadev App) दुबई से ऑपरेट किया जा रहा है। इसके प्रमोटर्स सौरभ चंद्राकर एक ही नहीं कई देशों में ऑनलाइन सट्टा का बाजार बना लिया है। इनके खिलाफ भिलाई और रायपुर पुलिस ने सैंकड़ों प्रकरण दर्ज किया। जब इस मामले में पॉलिटिकल और प्रशासनिक अधिकारियों पर आरोप लगने लगे। तब मामले ने तूल पकड़ लिया। इसके बाद इसमें ईडी ने महादेव ऐप के प्रमोटर्स के खिलाफ जांच शुरु की। मामला थमा नहीं बढ़ता गया और विदेशों तक पहुंच गया। जब महादेव ऐप के तार महाराष्ट्र से जुड़ने लगे। तब मुंबई की मातुंगा पुलिस ने प्रकाश घनश्याम बंकर की शिकायत पर महादेव ऐप के प्रमोटर्स समेत 31 लोगों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध किया। अब इस मामले में फिल्म नगरी मुंबई के कई नामी-गिरामी के भी नाम सामने आने वाले हैं। पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है। इसलिए महादेव ऐप के मामले में महाराष्ट्र पुलिस की भी सक्रियता बढ़ गई है। यही कारण है कि अब मुंबई पुलिस ने महादेव बेटिंग बुक एप्लिकेशन के कथित प्रमोटर सौरभ चंद्राकर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर लिया है।

आईटी की धारा 66 (F) का मतलब जान लीजिए

पुलिस ने इस मामले में जो आईटी की धारा 66 (F) लगाई है। उसका मतलब होता है “पनिशमेंट फॉर साइबर टेररिजम” यह धारा बहुत ही कम मामले में लगाई जाती है। ये धारा और खास कर ऐसे मामलों में लगाई जाती है, जिस मामले में भारत की इंटेग्रिटी, यूनिटी और सिक्योरिटी खतरे में होती है।

ईडी के सामने नीतिश दीवान ने उगले कई राज

इधर ईडी ने महादेव ऐप के प्रमोटर्स के खास मेंबर नीतिश दीवान को दिल्ली एयरपोर्ट से ईडी ने पकड़ लिया। उसे रायपुर ईडी कार्यालय लाया गया है, जहां ईडी के अधिकारियों ने उससे पूछताछ शुरु की। बिना सिकाई किए तोता की तरह सब कुछ बक रहा है। उसने महादेव ऐप के प्रमोटर्स के बारे में विस्तार से जानकारी दी है। प्रमोटर्स सौरभ चंद्राकर, रवि उप्पल, शुभम सोनी समेत महादेव ऐप में किसकी क्या सहभागिता है, उसे सिलसिले वार गिनाया है। बता दें ईडी मामले में जांच के दायरा को लगातार बड़ा करती जा रहा है। महादेव ऐप के काली कमाई का हिस्सा जो लोग बने हैं। उसके खिलाफ बड़ा एक्शन की तैयारी है।