भिलाई . छत्तीसगढ़ में कमजोर पड़े मानसून की वजह से बारिश का कोटा अभी तक पूरा नहीं हो पाया है। दुर्ग जिले में एक जून से 18 अगस्त तक 598 मिली मीटर बारिश हुई है, जबकि सामान्य कोटा 679 मिलीमीटर है। इस तरह अभी भी जिले में बारिश का आंकड़ा 20 फीसदी कम है। कुछ दिनों पहले तक शिवनाथ सहित अन्य नदियां उफान पर थी, जबकि बारिश नहीं होने से जल स्तर गिर गया है। इधर, निश्क्रिय मानसून ने तापमान में भी इजाफा कर दिया है। दिन का अधिकतम तापमान सामान्य से 5 डिग्री की बढ़ोतरी के बाद 33.5 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया है, वहीं रात का न्यूनतम पारा 24.2 डिग्री दर्ज हुआ है।
मौसम विशेषज्ञ एचपी चंद्रा ने बताया कि, बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दाब का क्षेत्र तैयार हो रहा है। इससे आने वाले हफ्ते में प्रदेश में एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना बनेंगी। हालांकि इससे पहले मौसम पूरी तरह से साफ रहेगा। दिन में तेज धूप खिलेगी, जिससे उमस में भी बढ़ोतरी संभावित है।
बहरहाल, 3 अगस्त के बाद से ही दुर्ग जिले में अच्छी बारिश नहीं हुई है। कुछ जगहों पर फुहारें और बूंदाबांदी का सिलसिला जरूरी जारी है, लेकिन अच्छी बाारिश के लिए अभी इंतजार करना पड़ सकता है। इधर, मानसून की बेरुखी से तापमान में आए उतार-चढ़ाव ने अस्पतालों में भीड़ बढ़ा दी है। सर्दी, जुकाम और तेज खुबार के साथ वायरल संक्रमण पूरी तरह से शहर में फैला हुआ है।
डॉक्टरों ने सलाह दी है कि यदि तीन दिनों से अधिक समय तक बुखार बना हुआ है तो तुरंत डॉक्टर को दिखा देना बेहतर होगा। इसके अलावा शहर में इन दिनों डेंगू के भी कुछ मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे में तबीयत अधिक खराब होने पर डेंगू का टेस्ट भी जरूर करवा लें।

