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मंत्रालय में नौकरी लगाने के नाम पर 71 लाख की ठगी करने वाला डॉक्टर चढ़ा पुलिस के हत्थे, गैंग बनाकर बेरोजगारों को लेता था झांसे में

by Dakshi Sahu Rao
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@Dakshi sahu Rao

CG Prime News@दुर्ग. सरकारी नौकरी लगाने के नाम पर 71 लाख रुपए से ज्यादा की ठगी करने वाले फरार डॉक्टर को दुर्ग पुलिस ने धमतरी से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी डॉक्टर ने अपने साथियों के साथ मिलकर एक दो नहीं बल्कि 15 से 20 बेरोजगारों युवकों से लाखों रुपए ऐंठ लिए थे। पीडि़त ग्राम रावा धमतरी जिला निवासी तिवेंद्र कुमार सिन्हा की शिकायत के बाद बेरोजगार युवकों से ठगी करने वाले गैंग का पुलिस ने पर्दाफाश किया है।

सुपेला थाना से मिली जानकारी के अनुसार पीडि़त तिवेन्द्र कुमार सिन्हा ने अपने अन्य पीडि़त साथियों के साथ सुपेला थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया था कि अर्जुन मानिकपुरी निवासी सुपेला द्वारा अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर मंत्रालय एवं अन्य विभागों में नौकरी लगाने के नाम से पैसे लेकर धोखाधड़ी किया गया है। प्रार्थी के रिपोर्ट पर थाना सुपेला में धोखाधड़ी का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।

ऐसे पकड़ाए सभी आरोपी
तिवेन्द्र कुमार सिन्हा एवं अन्य पीडि़तों से मंत्रालय और अन्य विभागों में नौकरी लगाने के नाम से धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के आरोपी अर्जुन मानिकपुरी की तलाश में लग गई। इसी दौरान मुखबीर द्वारा सूचना मिला कि आरोपी अर्जुन मानिकपुरी सुपेला आया है। सूचना मिलते ही सुपेला पुलिस तत्काल मौके पर रवाना होकर आरोपी अर्जुन मानिकपुरी को घेराबंदी कर पकड़ा। आरोपी से पूछताछ करने पर बताया कि प्रार्थी से 7,10,000 रूपए इसके अलावा करीबन 15-20 लोगों से अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर करीबन 71 लाख रुपएकी ठगी करना बताया। आरोपी अर्जुन मानिकपुरी के निशादेही पर आरोपी तरूण कश्यप को रायपुर से और आरोपी हरि विवेक डहरिया को राजनांदगांव से पकड़ा गया। आरोपी किशोर जायसवाल को 7 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया है। एफआईआर दर्ज होने की जानकारी मिलते ही आरोपी डॉ. पंकज बरेठ फरार हो गया था। जिसे 10 अप्रैल को धमतरी से गिरफ्तार किया गया है।

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