CG Prime News@दिल्ली.Char Dham Yatra: Gates of Kedarnath Dham Open चारधाम यात्रा के चौथे दिन बुधवार सुबह 8 बजे केदारनाथ धाम के कपाट विधिवत खोल दिए गए हैं। परंपरा के अनुसार सबसे पहले मंदिर के पूर्व द्वार को खोला गया और मुख्य पुजारी, रावल व हक-हकूकधारियों ने अंदर प्रवेश कर पूजा-अर्चना शुरू की। इस दौरान पिछले साल कपाट बंद करते समय ज्योतिर्लिंग पर लगाई गई भस्म को हटाकर श्रद्धालुओं में प्रसाद के रूप में बांटा गया।
CM पुष्कर धामी ने की PM के नाम की पहली पूजा
कपाट खुलने के मौके पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने धाम में पहुंचकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम की पहली पूजा कराई। वैदिक विधि-विधान के साथ पूजा प्रक्रिया पूरी होने के बाद मंदिर के मुख्य द्वार अब आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए और दर्शन शुरू हो गए हैं।
पीएम ने एक्स पर लिखा-भारत की सनातन संस्कृति के दर्शन
पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा- देवभूमि उत्तराखंड की पवित्र धरती पर आज श्री केदारनाथ धाम के कपाट पूरे विधि-विधान के साथ हम सभी श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए हैं। केदारनाथ धाम और चारधाम की यह यात्रा हमारी आस्था, एकता और समृद्ध परंपराओं का दिव्य उत्सव है। इन यात्राओं से हमें भारत की सनातन संस्कृति के दर्शन भी होते हैं।
चारधाम यात्रा, केदारनाथ धाम के खुले कपाट, CM धामी ने PM के नाम की पहली पूजा
पीएम ने भक्तों के लिए लिखा पत्र
पीएम ने इस साल की चारधाम यात्रा के शुभारंभ पर सभी भक्तों के लिए एक पत्र भी लिखा है। उन्होंने बाबा केदार से प्रार्थना करते हुए कहा कि भगवान केदारनाथ का आशीर्वाद सभी पर बना रहे और सभी की यात्रा मंगलमय हो। उन्होंने अपने पत्र में केदारनाथ और बद्रीनाथ में चल रहे पुनर्निर्माण कार्यों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विकसित की गई नई सुविधाओं (जैसे बैठने की क्षमता, बेहतर सड़कें और चिकित्सा सुविधाएं) को भी बताया।
नवनिर्माण में लगे लोगों का जताया आभार
प्रधानमंत्री ने कहा कि ये धाम केवल तीर्थ स्थल नहीं हैं, बल्कि ये हमारी प्राचीन संस्कृति और विरासत के केंद्र हैं। उन्होंने केदारपुरी के नवनिर्माण में लगे सभी लोगों का आभार व्यक्त किया और विश्वास जताया कि इस बार की यात्रा श्रद्धालुओं के लिए पहले से अधिक सुगम और यादगार होगी।
कल खुलेंगे बद्रीनाथ धाम के कपाट
उद्धव जी और कुबेर जी की उत्सव डोलियों का चमोली जिले के पांडुकेश्वर से 20 किलोमीटर की यात्रा कर बद्रीनाथ धाम पहुंच चुकी हैं। आज ही शंकराचार्य की गद्दी भी योगध्यान बद्री मंदिर से धाम पहुंच जाएगी, जिसके बाद कल सुबह 6 बजे बद्रीनाथ धाम के कपाट खोल दिए जाएंगे।
इनकी उपस्थिति में खोला गया कपाट
केदारनाथ धाम के धर्माधिकारी ओंकार शुक्ला ने बताया कि भगवान के कपाट खोलने की औपचारिक प्रक्रिया सर्वप्रथम प्रशासन, मुख्य कार्याधिकारी और सभी हक-हकूकधारियों की उपस्थिति में हुई। इसके बाद श्री 1008 भीमशंकर लिंग महाराज, प्रधान पुजारी और अखंड ज्योति के ज्योतिधारी पंच पंडा (रुद्रपुर) मंदिर के भीतर प्रवेश किया।
उन्होंने सबसे पहले भगवान का विधिवत अभिषेक किया। शीतकाल की भस्म समाधि और विथला (पुष्प-मालाओं के अवशेष) को उतारकर भक्तों में प्रसाद के रूप में वितरित किया गया। सभी धार्मिक प्रक्रियाएं पूर्ण होने के बाद ही आम जनता के लिए भगवान के दर्शन खोल दिए गए।
हेली सेवाओं पर लगाई रोक
इधर नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने नियमों की अनदेखी करने पर फाटा, सिरसी और गुप्तकाशी से संचालित होने वाली सभी हेली सेवाओं पर तत्काल प्रभाव से आज के लिए रोक लगा दी है।