उरला फैक्ट्री हादसे पर बड़ा एक्शन: फैक्ट्री बंद, परिजनों को 30-30 लाख मुआवजे पर सहमति
रायपुर | Urla factory accident: 3 workers dead, factory shut down, ₹30 lakh compensation each. रायपुर जिले के उरला औद्योगिक क्षेत्र में हुई दर्दनाक औद्योगिक दुर्घटना के बाद प्रशासन ने त्वरित और सख्त कार्रवाई करते हुए संबंधित फैक्ट्री की सभी विनिर्माण गतिविधियों को अगले आदेश तक बंद कर दिया है। इस हादसे में तीन श्रमिकों की जान चली गई, जिसके बाद औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग ने जांच शुरू कर दी है। साथ ही कंपनी प्रबंधन ने मृतक श्रमिकों के परिजनों को 30-30 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने पर सहमति जताई है।
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कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के अनुसार ग्राम बेन्द्री, उरला औद्योगिक क्षेत्र स्थित 3-डी इनोवेशन के फेरो एलॉयज डिवीजन में फर्नेस के पास लांसिंग कार्य के दौरान ऑक्सीजन सिलेंडर में अचानक विस्फोट हो गया। विस्फोट इतना तेज था कि मौके पर कार्य कर रहे तीन श्रमिक—अरुण पाण्डेय, लाल सिंह और कमल सिंह की मृत्यु हो गई।
प्रशासन ने तत्काल शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने दुर्घटनास्थल का निरीक्षण किया, साक्ष्य एकत्र किए, फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराई तथा कारखाना प्रबंधन और कर्मचारियों से प्रारंभिक जानकारी ली। विभाग अब हादसे के वास्तविक कारणों की विस्तृत जांच कर रहा है।
फैक्ट्री संचालन पर रोक
प्रारंभिक जांच के आधार पर श्रमिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत फैक्ट्री की सभी उत्पादन गतिविधियों को तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया है। यह प्रतिबंध अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। इस संबंध में फैक्ट्री प्रबंधन को औपचारिक आदेश जारी कर दिया गया है।
श्रमिकों के वेतन पर भी निर्देश
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि फैक्ट्री बंद रहने की अवधि में वहां कार्यरत सभी कर्मचारियों को नियमानुसार वेतन और अन्य देय भत्तों का भुगतान समय पर किया जाएगा। इसके अलावा विभाग के प्रयासों से कंपनी प्रबंधन ने प्रत्येक मृतक श्रमिक के परिवार को 30-30 लाख रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता देने पर सहमति व्यक्त की है।
आगे क्या होगा?
औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग ने कहा है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में सुरक्षा मानकों के उल्लंघन या लापरवाही सामने आती है तो संबंधित प्रबंधन के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।