लोकसभा में पेपर लीक से जुड़ा बिल पास, अधिकतम 10 साल की सजा और 10 करोड़ जुर्माने का प्रावधान

लोकसभा में पेपर लीक से जुड़ा बिल पास, अधिकतम 10 साल की सजा और 10 करोड़ जुर्माने का प्रावधान

CG Prime News@दिल्ली. लोकसभा में बुधवार को सरकार की तरफ से पेश किया गया पेपर लीक से जुड़ा ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 ध्वनि मत से पास हो गया। पेपर लीक से जुड़े अपराधों में अधिकतम 10 साल तक की जेल और 10 करोड़ रुपए तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है। लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026 पर मंगलवार को लोकसभा में 9 घंटे चर्चा हुई। वहीं बुधवार को विपक्ष के हंगामे के बीच बिल पास हुआ। इसके तहत पेपर लीक से जुड़े कानून सख्त कर दिए हैं।

दिल्ली में किया था छात्रों ने प्रदर्शन

नीट पेपर लीक को लेकर दिल्ली के जंतर मंतर में छात्रों और कॉकरोच जनता पार्टी ने प्रदर्शन किया था। छात्रों ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के साथ पेपर लीक को लेकर सख्त कानून बनाने की मांग की थी। जिसके बाद सरकार लोकसभा में यह बिल लेकर आई।

वंदे मातरम को कानूनी संरक्षण मिलेगा

बुधवार को राज्यसभा में राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण संशोधन विधेयक (2026) बिल पास हो गया। अब जन-गण-मन की तरह वंदे मातरम को कानूनी संरक्षण मिलेगा। वंदे मातरम का अपमान, अनादर और गायन में बाधा डालना दंडनीय अपराध होगा।

लोकसभा में पेपर लीक से जुड़ा बिल पास, अधिकतम 10 साल की सजा और 10 करोड़ जुर्माने का प्रावधान

राहुल गांधी ने कहा गृहमंत्री को सदन में सफाई देनी चाहिए

लोकसभा में राहुल गांधी ने प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर फायरिंग का मुद्दा उठाया। संसद के बाहर राहुल बोले- शाह ने फायरिंग का आदेश नहीं दिया तो सदन में आएं लोकसभा में अपने भाषण के बाद राहुल गांधी ने संसद परिसर में कहा- गृह मंत्री शाह सदन में नहीं आए, जबकि उन्हें छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई पर जवाब देना चाहिए था।

राहुल ने कहा- अगर गृह मंत्री ने कोई आदेश नहीं दिया है, तो उन्हें सदन में आकर सफाई देनी चाहिए कि उन्होंने ऐसा कोई निर्देश नहीं दिया। सबसे बड़ी बात यह है कि मुझे संसद में बोलने का अधिकार है और वह अधिकार मुझे मिलना चाहिए।

गोली चलाने का आदेश गृहमंत्री नहीं देते

लोकसभा में पेपर लीक बिल पर चर्चा के दौरान जितेंद्र सिंह ने कहा कि राहुल जी ने कहा कि शाह के साथ 30 गाडिय़ों का काफिला था। इन्हें ये नहीं पता कि गृह मंत्री के साथ 30 गाडिय़ां नहीं चलतीं और शाह विदेश नहीं गए हैं। तथ्यों के बिना गैरजिम्मेदारी से सदन में ये बातें कहना और फिर निकल जाना ये किसी नेता प्रतिपक्ष का व्यवहार हो ही नहीं सकता।

21 जुलाई को नेता प्रतिपक्ष पीएम आवास के बाहर जाकर बैठ गए। इनकी हसरत है कि देश इनको पीएम बनाए। लेकिन इनका सपना पूरा नहीं हुआ तो ये पीएम आवास के बाहर जाकर बैठ गए। जब इन्हें समझाया गया निवेदन किया कि आप यहां से हट जाइए। तो इन्होंने कहा कि मुझे उठा लिया गया।

 

 

 

Related posts

1.50 करोड़ ईनामी मोस्ट वांटेड नक्सली मिसिर बेसरा झारखंड में गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटे भारी बारिश का अलर्ट, गरियाबंद में बाढ़ जैसे हालात, डेम से छोड़ा पानी

Durg: सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों की ठगी, आरोपी गिरफ्तार